पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की बैठक में फिर उठेगा बिहार-झारखंड बंटवारा विवाद, लंबित मुद्दों पर होगी अहम चर्चा
The Bihar-Jharkhand division dispute will resurface
रांची। ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर में सात जुलाई को प्रस्तावित पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की बैठक में एक बार फिर बिहार व झारखंड के बीच कार्य व दायित्वों के बंटवारा का मामला उठेगा।
बैठक में झारखंड से कौन-कौन से बिंदु उठेंगे, उसकी तैयारी शुरू हो चुकी है। गृह कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग की प्रधान सचिव वंदना दादेल ने गुरुवार को अपने अधीनस्थ अधिकारियों के साथ बैठक कर पूरे मामले में जानकारी ली है।
पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की बैठक में बंगाल, बिहार, ओडिशा व झारखंड के मुख्यमंत्री शामिल होते हैं। यह मंच राज्यों के बीच के विवादों को सुलझाने व आपसी समन्वय बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता रहा है।
कई मामलों को सुलझाने का चल रहा प्रयास
पूर्व में भी पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की बैठक में बिहार व झारखंड के बीच सामने आए दर्जनभर से अधिक मामलों को सुलझाया जा चुका है। अब भी कई ऐसे मामले हैं, जिन्हें सुलझाने का प्रयास चल रहा है।
बिहार से झारखंड के अलग हुए 25 वर्ष से अधिक हो चुके हैं, लेकिन अब भी कई बिंदुओं पर मामला लटका हुआ है। इस बैठक में अंतरराज्यीय जल विवाद, सीमा सुरक्षा, संपत्ति व पेंशन विवाद तथा सुरक्षा व कानून व्यवस्था पर चर्चा होगी।
माओवादियों के विरुद्ध चल रहे अभियान में राज्य की सीमा से सटे दूसरे राज्य से समन्वय पर भी चर्चा होगी।